Description
‘कुछ तो है इस पार नदी के’ माधव कृष्ण द्वारा रचित एक काव्य-संग्रह है, जिसका प्रथम संस्करण वर्ष 2026 में सर्वभाषा प्रकाशन द्वारा प्रकाशित किया गया है। यह पुस्तक लेखक के प्रिय महानायक स्वामी विवेकानन्द को समर्पित है । इस संग्रह में कुल 55 कविताएँ संकलित हैं, जो जीवन के विविध रंगों और सामाजिक-सांस्कृतिक विषयों को समेटे हुए हैं। इसमें जहाँ एक ओर पारिवारिक संबंधों और स्नेह को दर्शाने वाली कविताएँ हैं (जैसे “जब पुत्र बड़ा हो जाता है” और “बिटिया की आँखें”), वहीं दूसरी ओर सामाजिक विसंगतियों, राजनीति और मानवीय मूल्यों पर तीखे कटाक्ष भी किए गए हैं (जैसे “लोकतंत्र बनाम भौंकतंत्र” और “मानव धर्म प्रसार”)। लेखक ने अपनी रचनाओं के माध्यम से पाठकों को भारतीय संस्कृति, पूर्वजों के गौरव और प्रेम की गहराई से जोड़ने का प्रयास किया है।






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